जोबट। आलीराजपुर जिले जनपद पंचायत जोबट अंतर्गत ग्राम सिंधी के कोठार फलिया स्थित जोबट-कुक्षी मुख्य मार्ग पर लगा हैंडपंप लंबे समय से बंद पड़ा हुआ है। हैंडपंप से पानी नहीं निकलने के कारण आदिवासी ग्रामीणों को पेयजल संकट का सामना करना पड़ रहा है। क्षेत्र में इन दिनों सामाजिक कार्यक्रमों एवं शादी-विवाह का दौर जारी है, जिससे पानी की आवश्यकता और बढ़ गई है।
ग्रामीणों का कहना है कि समस्या की जानकारी पीएचई विभाग के मैदानी कर्मचारियों को कई बार दी जा चुकी है, लेकिन अब तक कोई ठोस समाधान नहीं हो सका है। हैंडपंप बंद होने से लोगों को दूर-दराज के स्रोतों से पानी लाना पड़ रहा है, जिससे समय और श्रम दोनों की अतिरिक्त परेशानी उठानी पड़ रही है।
उल्लेखनीय है कि हाल ही में कलेक्टर ने जिले की पेयजल व्यवस्था की समीक्षा करते हुए जल संकट वाले क्षेत्रों में शिकायतों का त्वरित निराकरण करने, हैंडपंप संबंधी मांगों का भौतिक सत्यापन कराने तथा आवश्यकता अनुसार अतिरिक्त बोरवेल कराने के निर्देश दिए हैं। इसके बावजूद कोठार फलिया की समस्या अब तक जस की तस बनी हुई है।
ग्रामीणों के अनुसार यदि समय रहते हैंडपंप का गहरीकरण कर दिया जाए तो इसमें पर्याप्त मात्रा में पानी उपलब्ध हो सकता है। इससे न केवल मोहल्लेवासियों को पेयजल संकट से राहत मिलेगी, बल्कि जोबट-कुक्षी मार्ग से गुजरने वाले राहगीरों को भी पानी की सुविधा मिल सकेगी। ग्रामीणों ने संबंधित विभाग एवं प्रशासन से कलेक्टर के निर्देशों के अनुरूप शीघ्र कार्रवाई कर समस्या का स्थायी समाधान करने की मांग की है।
झाबुआ जिले में व्यस्त है तकनीकी गाड़ी, लौटते ही पहुंचेगी टीम –
इस संबंध में जोबट पीएचई विभाग के अधिकारी संजय मुकाती ने बताया कि संबंधित हैंडपंप की समस्या की जानकारी विभाग को है। वर्तमान में विभाग की मैकेनिकल सफाई एवं तकनीकी गाड़ी झाबुआ क्षेत्र में कार्यरत है। गाड़ी के वापस आते ही लगभग एक सप्ताह के भीतर तकनीकी टीम को मौके पर भेजकर आवश्यक जांच एवं सुधार कार्य कराया जाएगा। उन्होंने बताया कि उपलब्ध संसाधनों के अनुसार प्राथमिकता के आधार पर कार्य किए जा रहे हैं तथा गाड़ी उपलब्ध होते ही संबंधित हैंडपंप को चालू कराने के लिए आवश्यक कदम उठाए जाएंगे।

