अलीराजपुर। जिले के छोटे से गाँव कोडल, आम्बुआ की रहने वाली आईना भिड़े, किसान जगन भिड़े की बेटी, जन्म से ही बहरापन की समस्या से जूझ रही थी। साधारण किसान परिवार से ताल्लुक रखने के कारण उसके माता-पिता इलाज करवाने में असमर्थ थे। पिता जगन भिड़े बताते हैं कि आईना बचपन से ही अन्य बच्चों की तरह खेलकूद नहीं कर पाती थी। वह अक्सर चुपचाप दूसरों को देखती रहती, जिससे पूरा परिवार चिंतित रहता।
इसी बीच प्रशासन की ओर से गाँव में स्वास्थ्य शिविर आयोजित किया गया। जानकारी मिलने पर आईना के माता-पिता ने उसे वहाँ ले जाने का निर्णय लिया। डॉक्टरों ने जाँच के बाद बताया कि ऑपरेशन से आईना फिर से सुन सकती है और यह उपचार RBSK (राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम) योजना के तहत निःशुल्क होगा। प्रशासन व स्वास्थ्य विभाग की मदद से आईना को इंदौर के एक निजी अस्पताल ले जाया गया, जहाँ विशेषज्ञ डॉक्टरों ने सफल ऑपरेशन किया। आज आईना पूरी तरह स्वस्थ है और सामान्य बच्चों की तरह सुन सकती है।
पिता जगन भिड़े ने कहा हमारे लिए यह चमत्कार से कम नहीं। बेटी की मुस्कान लौटाने के लिए हम प्रशासन और डॉक्टरों के आभारी हैं। आईना के माता-पिता ने ग्रामीणों से अपील की कि वे भी समय-समय पर लगाए जाने वाले ऐसे स्वास्थ्य शिविरों का अधिक से अधिक लाभ उठाएँ।

