आलीराजपुर। जोबट अनुविभाग में पदस्थ नवागत एसडीएम मनोज गरवाल लगातार मैदानी निरीक्षण कर शासकीय व्यवस्थाओं को दुरुस्त करने में जुटे हैं। शनिवार को उन्होंने प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, बड़ी खट्टाली का आकस्मिक निरीक्षण कर अस्पताल की व्यवस्थाओं का जायजा लिया। इस दौरान अस्पताल में पदस्थ डॉ. के.सी. गहलोत से स्वास्थ्य सेवाओं, उपलब्ध संसाधनों एवं कमियों की जानकारी ली।
डॉ. गहलोत ने बताया कि अस्पताल में नर्सिंग स्टाफ एवं ड्रेसर की कमी के कारण मरीजों को कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। इस पर एसडीएम ने आश्वासन दिया कि अस्पताल की समस्याओं से जिला कलेक्टर नीतू माथुर को अवगत कराकर शासन स्तर पर आवश्यक प्रस्ताव भेजा जाएगा। साथ ही अस्पताल में जनसहयोग से ईसीजी मशीन स्थापित करने का सुझाव दिया, जिस पर उपस्थित जनप्रतिनिधियों ने शीघ्र मशीन उपलब्ध कराने का भरोसा दिलाया।

इसके बाद एसडीएम ने ग्राम कंदा के शासकीय विद्यालय का निरीक्षण कर शत-प्रतिशत छात्र उपस्थिति, समय पर मध्यान्ह भोजन उपलब्ध कराने तथा विद्यालय संचालन में अनुशासन बनाए रखने के निर्देश दिए। उन्होंने बताया कि हाल ही में विकासखंड के उँडारी, बलेड़ी, बिलखेड़ी एवं बिलासा ग्राम की शालाओं के औचक निरीक्षण के दौरान कई संस्थाओं में शिक्षक अनुपस्थित मिले तथा कुछ बिना सक्षम स्वीकृति के अवकाश पर पाए गए। ऐसे सभी प्रकरणों में संबंधित शिक्षकों को नियमानुसार कारण बताओ सूचना पत्र (नोटिस) जारी करने के निर्देश दिए गए हैं।
एसडीएम मनोज गरवाल ने स्पष्ट निर्देश दिए कि सभी विद्यालयों में प्रतिदिन सायं 5 बजे ई-अटेंडेंस की जानकारी एसडीएम कार्यालय को भेजी जाए, ई-अटेंडेंस शत-प्रतिशत दर्ज की जाए तथा मध्याह्न भोजन निर्धारित मेन्यू के अनुसार ही संचालित किया जाए। साथ ही विकासखंड के सभी अधिकारियों को नियमित विद्यालय भ्रमण कर व्यवस्थाओं का निरीक्षण करने के निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने चेतावनी दी कि विद्यालयों का आकस्मिक निरीक्षण लगातार जारी रहेगा और किसी भी प्रकार की गंभीर लापरवाही पाए जाने पर संबंधित के विरुद्ध निलंबन का प्रस्ताव कलेक्टर को भेजा जाएगा।
निरीक्षण के दौरान ग्राम पंचायत के सरपंच चेनसिंह डावर, उपसरपंच शुभम मेहता, रमेश मेहता, मदन लड्ढा, विजय मालवी सहित अन्य जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे। जनप्रतिनिधियों के साथ ग्राम विकास एवं स्वास्थ्य सुविधाओं को लेकर भी विस्तृत चर्चा की गई।

