इंदौर। केंद्र सरकार द्वारा 1 फरवरी से सिगरेट और तंबाकू उत्पादों के दाम बढ़ाए जाने की घोषणा की गई है, लेकिन इसके पहले ही इंदौर के बाजारों में इनके दाम महंगे हो गए हैं। जिले में कई खुदरा दुकानदारों ने अभी से ही मनमानी वसूली शुरू कर दी है। अनेक दुकानों पर सिगरेट व तंबाकू उत्पाद निर्धारित मूल्य (एमआरपी) से अधिक दामों पर बेचे जा रहे हैं, जिससे आम उपभोक्ता ठगी का शिकार हो रहा है।
जानकारी के अनुसार जिन सिगरेट और तंबाकू ब्रांड्स पर अभी तक पुराना एमआरपी ही लागू है, उन्हें भी बढ़ी हुई कीमत बताकर बेचा जा रहा है। दुकानदारों का कहना है कि “कंपनी के रेट बढ़ने वाले हैं”, इसी का हवाला देकर उपभोक्ताओं से अतिरिक्त राशि वसूली जा रही है।
स्थानीय नागरिकों का कहना है कि अभी तक कंपनियों द्वारा नई कीमतों की कोई आधिकारिक अधिसूचना जारी नहीं की गई है और न ही नया स्टॉक बाजार में पहुंचा है। इसके बावजूद मनमाने दाम वसूले जाना नियमों का खुला उल्लंघन है। इससे साफ है कि कुछ दुकानदार सरकारी फैसले का गलत फायदा उठा रहे हैं।
एमपी रीजनल न्यूज की टीम ने इंदौर के विभिन्न बाजारों और दुकानों पर जाकर सिगरेट व तंबाकू उत्पादों के दामों की पड़ताल की। जांच के दौरान कई दुकानों पर उत्पाद महंगे दामों पर बेचे जाते पाए गए, जबकि कुछ दुकानदार अभी भी वर्तमान एमआरपी पर ही बिक्री करते नजर आए। यह स्थिति दर्शाती है कि बढ़ी कीमतों की आड़ में चुनिंदा दुकानदार आम ग्राहकों की जेब पर डाका डाल रहे हैं।
प्रशासन और खाद्य एवं औषधि विभाग से मांग की जा रही है कि मामले की तत्काल जांच कर एमआरपी से अधिक कीमत वसूलने वाले दुकानदारों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए।

